December 31, 2025
हरियाणा DGP ओ.पी. सिंह का 'फेयरवेल': भावुक पत्र में लिखा... 'यात्रा अभी जारी है'
चंडीगढ़/हरियाणा | मीडिया जगत डेस्क
हरियाणा पुलिस के महानिदेशक (DGP) ओ.पी. सिंह ने आज (31 दिसंबर 2025) अपने 33 साल के लंबे और शानदार पुलिस करियर को विराम दे दिया है। अपनी सेवामुक्ति (Retirement) के अवसर पर उन्होंने हरियाणा पुलिस के जवानों और अधिकारियों के नाम एक बेहद भावुक और प्रेरणादायक खुला पत्र लिखा है, जो अब सोशल मीडिया पर चर्चा का विषय बन गया है।
'रिटायरमेंट' शब्द से गुरेज, बताया- अब क्या करेंगे? अपने विदाई संदेश में DGP ओ.पी. सिंह ने साफ किया कि उन्हें 'सेवानिवृत्ति' (Retirement) शब्द से परहेज है। उन्होंने लिखा, "मैं आईपीएस रूपी रेल से उतरा हूँ, यात्रा खत्म नहीं हुई है। मेरा मानना है कि जब तक जीवन है, कुछ सार्थक और उपयोगी करते रहना चाहिए।" उन्होंने संकेत दिया कि वर्दी उतारने के बाद अब वे अपनी लेखन (Writing) की रुचि को पूरा समय देंगे।
2025 में घटा अपराध का ग्राफ अपने कार्यकाल का रिपोर्ट कार्ड पेश करते हुए उन्होंने बताया कि वर्ष 2024 की तुलना में 2025 में हरियाणा में मानव और संपत्ति के विरुद्ध अपराधों में भारी कमी आई है। विशेष रूप से कमजोर और वंचित वर्ग अब पहले से अधिक सुरक्षित हैं। उन्होंने इसका श्रेय पुलिसकर्मियों की सक्रियता और 'ड्रग्स और आर्म्स एक्ट' के तहत की गई सख्त कार्रवाई को दिया।
पुलिस को दी 2026 के लिए चेतावनी जाते-जाते DGP सिंह ने अपने जवानों को आगाह भी किया। उन्होंने लिखा कि 2026 में चुनौतियां अधिक होंगी। 2025 का लो-क्राइम रेट अब एक 'बेसलाइन' बन गया है, और इससे ऊपर जाना विफलता मानी जाएगी। उन्होंने संगठित अपराध (Organized Crime) और हिंसक अपराधियों का डटकर मुकाबला करने का मूलमंत्र दिया।
कबीर की पंक्तियों के साथ विदाई 1992 बैच के आईपीएस अधिकारी ओ.पी. सिंह ने अपने पत्र के अंत में संत कबीर दास की प्रसिद्ध पंक्तियों का जिक्र करते हुए अपनी बेदाग छवि की ओर इशारा किया:
"दास कबीर जतन से ओढ़ी, ज्यों-की-त्यों धर दीन्हीं चदरिया"
उन्होंने कहा कि आईपीएस और हरियाणा पुलिस ही उनकी पहचान रही है और अब इस पड़ाव पर उन्हें संतोष है। गौरतलब है कि ओ.पी. सिंह अपने कार्यकाल में 'प्ले फॉर इंडिया', 'जिला मैराथन' और 'साइबर क्राइम प्रिवेंशन' जैसी पहलों के लिए जाने गए, जिसने युवाओं को अपराध से हटाकर खेलों और सरकार से जोड़ा।
जय हिंद, जय हरियाणा!